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Thursday, December 29, 2011

म्हारी पाठशाला में आईये हो, हो ननदी के बीरा|

म्हारी पाठशाला में आईये हो, हो ननदी के बीरा|
तनै मित्र कीट दिखाऊं हो, हो ननदी के बीरा|

उड़े पावैंगे परभक्षी हो,  हो ननदी के बीरा|
तनै न्यूँ! तनै न्यूँ!
तनै खांदे बैरी कीट दिखाऊं हो, हो ननदी के बीरा|

उड़े सै काले-लाल बणिये हो, हो ननदी के बीरा|
तनै न्यूँ! तनै न्यूँ!
उनकै लागी खाज दिखाऊं हो, हो ननदी के बीरा|

उड़े पावैंगे परजीवी हो, हो ननदी के बीरा|
तनै न्यूँ! तनै न्यूँ!
तनै पल दे पराये पेट दिखाऊं हो, हो ननदी के बीरा|

उड़े कीटों को ख़ताऊ हो, हो ननदी के बीरा|
तेरा न्यूँ! स्प्रा ते पिंड छूटाऊ हो, हो ननदी के बीरा|

पाठशाला में तेरा नाम लिखाऊँगी....

खेताँ में लागी पाठशाला,
चलो तो राजा आज दिखाऊँगी.
तम तो कहो थे के बैध बनोगी?
चलो तो राजा तेरै स्यामी कराऊंगी..
स्यामी ऐ कराऊँ, तेरा पेटा भराऊँगी...
पाठशाला में तेरा नाम लिखाऊँगी...

सुसरा लड़ेगा, पाछा फेर कै लडूंगी.
आजा री सासु तनै माईट दिखाऊँगी,
चुर्ड़ा दिखाऊँ, तनै बनिया दिखाऊँगी,
पाठशाला में तेरा नाम लिखाऊँगी....

जेठा लड़ेगा घूँघट काढ कै लडूंगी,
आजा री जेठानी, तनै कीड़े दिखाऊँगी,
कीड़े दिखाऊँ, तनै फायदे गिनाऊँगी,
पाठशाला में तेरा नाम लिखाऊँगी....

देवर लड़ेगा, घूँघट खोल कै लडूंगी,
आजा ऐ दुरानी, तनै पिछाण कराऊंगी,
पिछाण कराऊँ, तनै डाक्टर बनाऊँगी,
पाठशाला में तेरा नाम लिखाऊँगी......

पिया जी लड़ेगा, पहलां प्रेम तै लडूंगी,
फेर भी ना माना तो, मैं स्यामी ऐ भिड़ऊँगी,
स्यामी ऐ भिड़ऊँगी, मैं तो स्प्रे हड़ऊँगी,
फेर भी ना माना तो, दिखोड़ी ऐ लड़ाऊँगी,
पाठशाला में तेरा नाम लिखाऊँगी....


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